छत्तीसगढ़

विश्व आईवीएफ दिवस: सही समय पर जांच और इलाज से संतान सुख की बढ़ती उम्मीद

ADs

 रायपुर। बदलती जीवनशैली, बढ़ता तनाव, देर से विवाह और विभिन्न चिकित्सीय कारणों से आज बड़ी संख्या में दंपतियों को संतान प्राप्ति में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, यदि एक वर्ष तक नियमित प्रयास के बाद भी गर्भधारण नहीं हो रहा है तो इसे नजरअंदाज करने के बजाय विशेषज्ञ चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए।

समय पर जांच और उचित उपचार से अधिकांश मामलों में सफलता की संभावना बढ़ जाती है। विश्व आईवीएफ दिवस के अवसर पर एसएमसी आईवीएफ सेंटर ने लोगों में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से निःसंतान दंपतियों के लिए नि:शुल्क परामर्श और जांच की विशेष सुविधा शुरू की है। इसके तहत विशेषज्ञ चिकित्सकों से सलाह के साथ आवश्यक जांचों की छूट भी दी जा रही है, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंद परिवार आधुनिक उपचार का लाभ उठा सकें।


विशेषज्ञ डॉ प्रज्ञा सूर्यवंशी का कहना है कि आईवीएफ, आईसीएसआई, आईयूआई, लैप्रोस्कोपी और हिस्टेरोस्कोपी जैसी आधुनिक तकनीकों ने निःसंतानता के उपचार को अधिक प्रभावी बनाया है। सही कारण की पहचान और समय पर इलाज से दंपतियों के माता-पिता बनने की संभावना काफी बढ़ जाती है। इसलिए संकोच या भ्रांतियों में रहने के बजाय समय रहते विशेषज्ञ से सलाह लेना जरूरी है।


हॉस्पिटल की विशेष सुविधा

विश्व आईवीएफ दिवस पर एसएमसी अस्पताल में निःसंतान दंपतियों के लिए विशेषज्ञों से नि:शुल्क परामर्श और चेकअप। इनफर्टिलिटी से जुड़ी आवश्यक जांचों पर विशेष छूट। आधुनिक आईवीएफ और प्रजनन उपचार संबंधी जानकारी एवं मार्गदर्शन पूरी तरह नि:शुल्क उपलब्ध।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button