धमतरी में 18 छात्रों को काटने वाला छात्र नहीं था रेबीज संक्रमित, जांच में खुलासा

धमतरी । जिले के कुरूद विकासखंड स्थित ग्राम सिलौटी के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में एक छात्र द्वारा 18 सहपाठियों को दांत से काटने के मामले में स्वास्थ्य विभाग ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में छात्र के रेबीज संक्रमित होने की आशंका पूरी तरह खारिज कर दी गई है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है।
स्कूल प्रबंधन के अनुसार कक्षा 11वीं के एक छात्र ने पिछले एक सप्ताह में अलग-अलग दिनों में अपने 18 सहपाठियों को काट लिया था। शुरुआत में इसे सामान्य शरारत माना गया, लेकिन लगातार घटनाएं सामने आने के बाद स्कूल प्रशासन ने स्वास्थ्य विभाग को सूचना दी।
एहतियात के तौर पर सभी 18 छात्रों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोर्रा ले जाया गया, जहां उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। चिकित्सकों की सलाह पर सभी छात्रों को एंटी-रेबीज वैक्सीन लगाई गई। वहीं संबंधित छात्र को जिला अस्पताल भेजकर विशेषज्ञों से जांच और काउंसलिंग कराई गई।
जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. जेपी दीवान ने बताया कि जांच में छात्र में रेबीज के कोई लक्षण नहीं मिले। उन्होंने बताया कि रेबीज संक्रमण में पानी से डर, तेज रोशनी और आवाज से परेशानी, भोजन निगलने में कठिनाई और व्यवहार में बदलाव जैसे लक्षण दिखाई देते हैं, लेकिन छात्र पूरी तरह सामान्य पाया गया।
सीएमएचओ डॉ. यूएल कौशिक ने बताया कि छात्र को तीन वर्ष पहले कुत्ते ने काटा था, जिसके बाद उसका पूरा एंटी-रेबीज टीकाकरण कराया गया था। जांच में 18 छात्रों में से केवल एक छात्र की पीठ पर दांत के दो हल्के निशान मिले।
काउंसलिंग के दौरान छात्र ने बताया कि कबड्डी खेल में हारने के बाद उसने मजाक और शरारत के तौर पर दोस्तों को काटना शुरू किया था। चिकित्सकों ने उसे मानसिक रूप से स्वस्थ बताया है। अब शिक्षा विभाग और स्कूल प्रबंधन छात्र की नियमित काउंसलिंग कराएंगे। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों से बचें और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करें।




