ग्रीन एनर्जी के साथ ग्रीनरी भी हो तो सोने पर सुहागा होगा

“पीएम सूर्य घर योजना में उपभोक्ता को साथ में दस पौधे गमलों सहित देने पर विचार किया जाना चाहिए”
आर के गुप्ता, वरिष्ठ पत्रकार
पीएम सूर्य घर योजना वाकई एक अभिनव कार्यक्रम है जो उपभोक्ताओं के बिजली बिल में तो कमी ला ही रहा है लोगों को ख़ुद के बिजलीघर के मालिक होने का अहसास भी करा रहा है । ग्रीन एनर्जी के अमूल्य फायदे तो हैं ही । मेरा मानना है ग्रीन एनर्जी की इस योजना में ग्रीन इनवॉयरमेंट का भी तड़का लग जाए तो एक पंथ और ढेर सारे काज हो जाएँगे । केंद्र और राज्य सरकार हर सोलर इकाई के साथ पाँच या दस मध्यम आकार के गमले पौधों के साथ प्रदान करने का कार्य भी संबंधित एजेंसीज को सौंपे । पीएम सूर्य घर योजना के आवेदक का घर स्वभाविक रूप से बड़ा ही होता है उस घर या बिल्डिंग में दस पाँच गमले रखने में कोई बहुत स्थान की आवश्यकता नहीं होगी । केंद्र और राज्य सरकारें चाहें तो गमलों पर फोटो युक्त संदेश भी प्रिंट करा सकतीं हैं जिससे गमलों की सुंदरता तो बढ़ेगी ही संदेश जनता को प्रेरित भी करेंगे. जैसा कि समाचार से स्पष्ट है योजना में अभी तक 1.85 लाख आवेदन प्राप्त हो चुके हैं और 57 हज़ार से अधिक छतें बिजली बना रहीं है । मेरा मानना है शुरू से ही इस योजना में हर रूफ टॉप सोलर के साथ दस गमले भी प्रदान किए जाते तो पाँच लाख सत्तर हज़ार पौधे हरियाली फैलाने के साथ इस भीषण गर्मी में घरों का तापमान कम रखने में सहायक सिद्ध हो रहे होते । अभी तो योजना की शुरुआत है अभी इसे करोड़ों घरों तक पहुंचना है मेरा मानना है सरकारों को इस पर विचार करना चाहिए ।




